बिना नंबर प्लेट के दौड़ रहे हजारों वाहन; विभाग ने किराया सूची (Fare Chart) की मांग को किया दरकिनार
डेहरी | जन आक्रोश मीडिया विशेष रिपोर्ट
डेहरी ऑन सोन रेलवे स्टेशन और पूरे परिक्षेत्र में ई-रिक्शा और ऑटो चालकों की मनमानी चरम पर है। रात के अंधेरे में ‘नाइट सर्विस’ के नाम पर यात्रियों से खुलेआम दोगुना किराया वसूला जा रहा है। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि शहर में हजारों सार्वजनिक वाहन बिना नंबर प्लेट और बिना HSRP (High-Security Registration Plate) के धड़ल्ले से दौड़ रहे हैं, जो यात्रियों की सुरक्षा के लिए एक बड़ा खतरा है। लेकिन जब एक जागरूक नागरिक द्वारा इसकी लिखित शिकायत सरकार के ‘सहयोग पोर्टल’ पर की गई, तो रोहतास के जिला परिवहन कार्यालय (DTO) ने जमीनी कार्रवाई करने के बजाय महज कागजी खानापूर्ति कर एक ‘गोलमोल’ जवाब थमा दिया।

क्या कहता है नियम?
मोटर वाहन अधिनियम, 1988 की धारा 67 के तहत किसी भी सार्वजनिक वाहन (ऑटो, ई-रिक्शा आदि) का किराया क्षेत्रीय परिवहन प्राधिकार (RTA) द्वारा तय किया जाता है। रात्रि सेवा (आमतौर पर रात 11 बजे से सुबह 5 बजे) के लिए मूल किराये पर अधिकतम 25% अतिरिक्त (नाइट सरचार्ज) लेने का कानूनी प्रावधान तभी लागू होता है, जब विभाग द्वारा इसकी आधिकारिक अधिसूचना जारी की गई हो।
नियमों के अनुसार, हर सार्वजनिक वाहन में विभाग द्वारा जारी ‘किराया तालिका (Fare Chart)’ का प्रदर्शित होना अनिवार्य है। बिना आधिकारिक रेट चार्ट के मनमाना किराया वसूलना या यात्रियों को ले जाने से इंकार करना अधिनियम की धारा 192A के तहत दंडनीय अपराध है, जिसमें परमिट रद्दीकरण और भारी जुर्माने का प्रावधान है। वहीं, बिना नंबर प्लेट के व्यावसायिक वाहन चलाना पूरी तरह से गैरकानूनी है।
क्या था शिकायत का सार?
दिनांक 01 जुलाई 2026 की रात जब पटना से ट्रेन संख्या 13350 के माध्यम से एक यात्री डेहरी स्टेशन पहुंचे, तो उन्होंने भारत रत्न कर्पूरी ठाकुर चौक (थाना मोड़) तक जाने के लिए ई-रिक्शा लिया। 10 रुपये के निर्धारित किराये की जगह चालक ने रात्रि सेवा के नाम पर 20 रुपये मांगे। जब वाहन का नंबर नोट करना चाहा, तो ई-रिक्शा पर नंबर प्लेट ही नदारद था। सूचना अनुसार विरोध करने पर चालकों द्वारा यात्रियों को ले जाने से सीधे इंकार कर दिया जाता है।
इस गंभीर समस्या को लेकर 03 जुलाई 2026 की मध्यरात्रि बिहार सरकार के ‘सहयोग पोर्टल’ (पंजीकरण संख्या- REF497962) पर एक विस्तृत शिकायत दर्ज कराई गई। शिकायत में मुख्य रूप से तीन मांगें की गई थीं:
- बिना नंबर प्लेट/HSRP वाले सभी वाहनों पर जब्ती की कार्रवाई हो।
- DTO द्वारा सभी ऑटो और ई-रिक्शा के अंदर आधिकारिक ‘किराया तालिका’ अनिवार्य रूप से लगवाई जाए।
- मनमाना किराया वसूलने वालों पर सख्त कार्रवाई हो।
विभागीय लापरवाही:
बिना जांच के उसी दिन थमा दिया ‘गोलमोल’ जवाब– रोहतास जिला परिवहन कार्यालय (DTO) की कार्यप्रणाली उस वक्त सवालों के घेरे में आ गई, जब 3 जुलाई को दर्ज हुई शिकायत पर उसी दिन (03.07.2026) पत्रांक 1952 के माध्यम से जवाब जारी कर शिकायत को निपटा दिया गया।
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DTO द्वारा जारी पत्र में कहा गया कि मोटरयान निरीक्षक (MVI) की रिपोर्ट के अनुसार, “वर्तमान में नियमित रूप से ई-रिक्शा, ऑटो, टैक्ट्रर, इत्यादि वाहनों का सघन जाँच किया जा रहा है” और बिना कागजात/नंबर प्लेट वाले वाहनों पर “शमन की कार्रवाई की जा रही है”।

जवाब में छिपी विभाग की चालाकी:
विभाग का यह जवाब पूरी तरह से नौकरशाही की ‘बचाव मुद्रा’ को दर्शाता है।
- किराया सूची पर साधी चुप्पी: शिकायत की सबसे अहम मांग—वाहनों में ‘किराया तालिका’ (Fare Chart) लगाने और रात में हो रही ओवरचार्जिंग—पर DTO ने अपने पत्र में एक शब्द भी नहीं लिखा।
- आंकड़ों का अभाव: “जाँच किया जा रहा है” जैसे शब्दों का प्रयोग कर विभाग ने यह बताने से परहेज किया कि वास्तव में डेहरी में कितने ई-रिक्शा जब्त किए गए या कितनों का चालान कटा।
- कागजी निपटारा: मध्यरात्रि में दर्ज शिकायत पर बिना कोई विशेष जांच अभियान चलाए, महज कुछ घंटों के भीतर रूटीन जांच का हवाला देकर मामले को रफा-दफा कर दिया गया।
प्रशासन का यह रवैया न केवल नियमों का मखौल उड़ा रहा है, बल्कि अवैध रूप से चल रहे वाहन चालकों के हौसले भी बुलंद कर रहा है। बिना नंबर प्लेट के दौड़ते इन वाहनों में यदि रात के समय किसी महिला या यात्री के साथ कोई अप्रिय घटना घटती है, तो पुलिस के लिए ऐसे वाहनों को ट्रैक करना नामुमकिन होगा। अब देखना यह है कि क्या रोहतास जिलाधिकारी (DM) और स्थानीय प्रशासन इस कागजी खानापूर्ति से आगे बढ़कर डेहरी की जनता को इस ‘परिवहन माफिया’ से निजात दिला पाएंगे?
यदि आपने भी रात्रि सेवा के नाम पर निर्धारित किराए से अधिक किराया चुकाया है तो हमसे अपना अनुभव 9135650559 पर WhatsApp के माध्यम से साझा करें। जन आक्रोश मीडिया आपको हुई परेशानी को अपने मंच पर उठाने की कोशिश करेगा।